रायपुर। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना में नव विवाहित नकली मंगल सूत्र दिया जाना भ्रष्टाचार की हद है। प्रदेश कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि मनेन्द्रगढ़, चिरमिरी में हुये सामूहिक कन्या विवाह में शामिल विवाहित जोड़ो के लिये जो मंगल सूत्र चोरी का बताकर दिया गया था, वह नकली निकला।
इसके पहले भी महिला एवं बाल विकास विभाग मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में भ्रष्ट गड़बड़िया कर चुका है। सरकार विवाह जैसे संवेदनशील मामले में भ्रष्टाचार करके लोगो की भावनाओं से खेलने का काम कर रही है। रायपुर में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में पंडाल का घोटाला सामने आया था। बिना टेंडर के काम दिया गया था, अब तो दहेज का सामान भी नकली दिया जा रहा है।
प्रदेश कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि पैसे कमाने की भूख में मुख्यमंत्री कन्या विवाह में ऐसे जोड़ो को शामिल किया जाता है, जो पहले से विवाहित है, अब उनकी फिर से शादी करवा कर दहेज एवं प्रोत्साहन राशि में घोटाला किया जाता है।
प्रदेश कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता वंदना राजपूत ने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग तो भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी का अड्डा बन गया है। अब तो भ्रष्टाचार की हद पार हो गई, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को 5 मीटर से भी कम लंबाई और चौड़ाई एवं घाटिया साड़ियां महिला एवं बाल विकास विभाग में वितरण किया गया है। साड़ियों के लंबाई और चौड़ाई में कम होने के कारण महिलाएं साड़ी का उपयोग नहीं कर पा रही थी। महिला एवं बाल विकास विभाग में एक महिला मंत्री के होते हुए महिलाओं के साथ उनके अधिकार पर डाका डाला जा रहा है और महिला मंत्री कमीशन-कमीशन खेल रही हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग में यह पहली बार नहीं हुआ है इससे पहले भी कई भ्रष्टाचार सामने आए हैं जिसमें आंगनबाड़ी केंद्रों में 40 करोड़ से अधिक की पोषण सामग्री खरीद में अनियमितता, सामूहिक कन्या विवाह योजना में बिना टेंडर वर्क आर्डर और प्रदेश के लगभग 2899 आंगनबाड़ी केंद्रों में 16 करोड़ की लागत से टीवी और आरओ यूनिट की खरीद में नियमों की अनदेखी की गई है, इसमें केंद्रीकृत टेंडर के बजाय टुकड़ों में खरीद कर भ्रष्टाचार किया गया है। सुचिता योजना के तहत सेनेटरी पैड पर भ्रष्टाचार किया गया। अब मंगलसूत्र का नया भ्रष्टाचार सामने आया है।



