रायपुर। छत्तीसगढ़ की महिला डीएसपी कल्पना वर्मा से जुड़े विवाद ने राज्य में सुर्खियां बटोरी हैं, लेकिन पुलिस ने मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट कर दी है। डीजीपी अरुण देव गौतम ने बताया कि DSP कल्पना वर्मा के खिलाफ अभी तक कोई शिकायत पुलिस मुख्यालय में नहीं आई है। किसी भी थाने में शिकायत दर्ज होने पर जिला एसपी निष्पक्ष जांच करेंगे और तथ्य सामने आने पर कार्रवाई होगी।
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रायपुर एसएसपी लाल उमेद सिंह ने कहा कि पंडरी थाने में बरखा टंडन के खिलाफ कल्पना वर्मा के पिता हेमंत वर्मा ने धोखाधड़ी, विश्वासघात और मानसिक प्रताड़ना की शिकायत दर्ज कराई है। वहीं खम्हारडीह थाने में बरखा टंडन ने हेमंत वर्मा और राकेश वर्मा के खिलाफ कार रोकने और चेक के माध्यम से राशि निकालने की शिकायत की है। दोनों ही शिकायतें आर्थिक और वित्तीय विवाद से संबंधित हैं। सोशल मीडिया और कुछ रिपोर्टों में उठे लव ट्रैप और ब्लैकमेलिंग जैसे आरोपों पर फिलहाल कोई FIR दर्ज नहीं हुई है। कारोबारी दीपक टंडन ने मीडिया में दावा किया कि 2021 से उनके और DSP कल्पना वर्मा के बीच संबंध थे और इस संबंध का लाभ उठाकर उनसे करोड़ों रुपये लिए गए। हालांकि, उन्होंने अब तक कोई आधिकारिक शिकायत थाने में दर्ज नहीं कराई। DSP कल्पना वर्मा ने आरोपों को बेबुनियाद और तथ्यहीन करार देते हुए कहा कि यह उन्हें बदनाम करने की साजिश है और सच्चाई सामने आने पर आरोप लगाने वालों की मंशा स्पष्ट हो जाएगी।
वर्तमान स्थिति को देखते हुए यह विवाद फिलहाल आर्थिक और निजी मतभेदों तक सीमित दिखाई दे रहा है, लेकिन पुलिस जांच के बाद मामले की दिशा और स्पष्ट हो सकती है।



