सूरजपुर। जिले में शासकीय दस्तावेजों में भारी हेराफेरी कर जमीन हड़पने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। ग्राम करकोटी में एक जीवित महिला को सरकारी रिकॉर्ड में मृत घोषित कर उसकी जमीन का नामांतरण और रजिस्ट्री करा दी गई।
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मामले की शिकायत पर पुलिस की प्रारंभिक जांच के बाद झिलमिली थाना पुलिस ने तत्कालीन तहसीलदार, पटवारी और अन्य सहयोगियों समेत कुल चार लोगों के खिलाफ आपराधिक मामला (FIR) दर्ज कर लिया है।
फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र से खेला गया खेल
जानकारी के मुताबिक, पूरी साजिश झिलमिली थाना क्षेत्र के ग्राम करकोटी स्थित कीमती जमीन को हथियाने के लिए रची गई थी। आरोपियों ने महिला का फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार कराया और उसे राजस्व रिकॉर्ड में लगाकर जमीन का नामांतरण अपने नाम दर्ज करवा लिया। इसके बाद उसी आधार पर जमीन की रजिस्ट्री भी निष्पादित कर दी गई।
पुलिस ने दर्ज किया मामला, जांच तेज
शिकायत की प्रारंभिक जांच में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने के बाद झिलमिली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तत्कालीन तहसीलदार, पटवारी सहित चार आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र की सत्यता, राजस्व रिकॉर्ड में हुए बदलाव और प्रक्रिया में शामिल अधिकारियों व कर्मचारियों की भूमिका की गहनता से पड़ताल की जा रही है। जांच के आधार पर आगे और भी कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
इस फर्जीवाड़े के उजागर होने के बाद राजस्व विभाग के सत्यापन प्रक्रिया और कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि बिना विभागीय सांठगांठ के इतना बड़ा षड्यंत्र संभव नहीं था। पुलिस की जांच पूरी होने पर इस भू-माफिया खेल में कई और बड़े खुलासे होने की संभावना है।



