रायपुर। छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) 2021-22 भर्ती में हुए बहुचर्चित घोटाले की परतें अब पूरी तरह उधड़ने लगी हैं। सीबीआई ने कोर्ट में पेश अपनी सप्लीमेंट्री चार्जशीट में उस बड़े खेल का खुलासा किया है, जिसमें नेताओं और अफसरों की कथित मिलीभगत से अपनों को “रेवड़ियां” बांटी गईं। इस पूरे घोटाले का मास्टरमाइंड उत्कर्ष चंद्राकर बनकर सामने आया है, जिसने मेंस परीक्षा का पेपर दिलाने के नाम पर अभ्यर्थियों से करीब 1.3 करोड़ रुपये वसूल लिए।
सीबीआई की चार्जशीट और सरकारी गवाह वी. चंद्राकर के बयान बताते हैं कि पैसों की बंदरबांट और ऊंचे रसूख के दम पर मेरिट लिस्ट में सीधी सेंधमारी की गई। गवाह के अनुसार, उत्कर्ष चंद्राकर खुद को बेहद प्रभावशाली बताते हुए सौदे करता था। उसने दावा किया कि उसका मौसा केके चंद्रवंशी मुख्यमंत्री का ओएसडी है और तत्कालीन चेयरमैन टामन सोनवानी से उसके गहरे संबंध हैं।
शुरुआत में अभ्यर्थियों से परीक्षा पास कराने के लिए 50 से 60 लाख रुपये की मांग की गई। जब यह रकम ज्यादा लगी, तो उत्कर्ष ने नया फॉर्मूला पेश किया—अगर और अभ्यर्थियों को जोड़ लिया जाए, तो उसकी बहन का चयन “फ्री” में करा दिया जाएगा। इसके बाद एक-एक कर आठ अभ्यर्थियों को इस जाल में फंसाया गया और उनसे मोटी रकम ऐंठी गई।
अभ्यर्थियों का भरोसा जीतने के लिए खेल की शुरुआत प्री परीक्षा से ही कर दी गई थी। डीडी नगर के एक पैलेस में बच्चों को बुलाकर प्री परीक्षा की प्रिंटेड कॉपियां पहले ही थमा दी गईं। जब प्री में सभी का चयन हो गया, तो उत्कर्ष की “पहुँच” पर लोगों का भरोसा पक्का हो गया। इसके बाद मेंस परीक्षा के नाम पर असली उगाही शुरू हुई।
चार्जशीट के मुताबिक, मेंस परीक्षा से करीब 15 दिन पहले उत्कर्ष सभी अभ्यर्थियों को बस में भरकर बार नवापारा के एक लॉज में ले गया, जहां पेपर की तैयारी कराई गई। लेकिन बाद में और पैसों की मांग सामने आई। गवाह ने बताया कि जब अतिरिक्त रकम नहीं दी गई, तो सभी अभ्यर्थियों को जानबूझकर मेंस परीक्षा में फेल करा दिया गया।
सीबीआई की जांच में 29 ऐसे अभ्यर्थियों की भी सूची सामने आई है, जिनका चयन संदिग्ध परिस्थितियों में हुआ। इनमें अफसरों और नेताओं के करीबी लोगों को सीधे बड़े पदों पर बैठाने की तैयारी थी। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ सरकार ने इस साल फरवरी और अप्रैल में इस पूरे मामले की जांच सीबीआई को सौंपी थी, जिसके बाद अब रोज़ नए-नए चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं।



