रायपुर। उरला स्थित थ्री डी फैक्ट्री में हुए भीषण ब्लास्ट के बाद सियासी और प्रशासनिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। घटना को लेकर कांग्रेस ने 8 सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है, जबकि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने हादसे की जांच और उद्योगों में सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त करने की बात कही है।
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मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि हादसे के तुरंत बाद कार्रवाई करते हुए फैक्ट्री को बंद करा दिया गया है। मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा दिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रदेश के सभी उद्योगों में सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन कराया जाएगा।
उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन ने घटना को बेहद दुखद बताते हुए कहा कि थ्री डी फैक्ट्री को तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया गया है और मामले की जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक मृतक के परिजनों को 30-30 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा। जांच रिपोर्ट आने के बाद जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इधर, उरला फैक्ट्री ब्लास्ट मामले में कांग्रेस ने भी 8 सदस्यीय जांच समिति गठित की है। पूर्व मंत्री शिव डहरिया को समिति का संयोजक बनाया गया है। समिति के सदस्य पीड़ित परिवारों से मुलाकात करेंगे, घटनास्थल का निरीक्षण कर हादसे के कारणों की जानकारी जुटाएंगे और अपनी जांच रिपोर्ट प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व को सौंपेंगे।




