लखनऊ, 22 जून। Fire Tragedy : राजधानी लखनऊ के अलीगंज स्थित पुरनिया इलाके में सोमवार को हुई भीषण आग की घटना ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया। हादसे में अब तक 15 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। मृतकों की उम्र 20 से 24 वर्ष के बीच बताई जा रही है, जिससे यह हादसा और भी दर्दनाक बन गया है। आग लगते ही इमारत धुएं और लपटों से घिर गई, जिससे अंदर मौजूद लोगों के बीच चीख-पुकार और भगदड़ मच गई।
शुरुआती तौर पर घटना को कोचिंग सेंटर और लाइब्रेरी से जोड़कर देखा गया, लेकिन वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि भवन में कोई कोचिंग संस्थान संचालित नहीं हो रहा था। अधिकारियों के मुताबिक, ग्राउंड फ्लोर पर पेट शॉप और ऊपरी मंजिल पर गेमिंग जोन संचालित था, जहां कर्मचारी गेमिंग सॉफ्टवेयर से संबंधित कार्य कर रहे थे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग की भयावहता इतनी अधिक थी कि कुछ लोग जान बचाने के लिए छज्जों तक पहुंच गए, जबकि एक युवक ने इमारत से छलांग लगा दी, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दमकल विभाग की टीमों ने स्थानीय लोगों के सहयोग से घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। फिलहाल कूलिंग ऑपरेशन जारी है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस महानिदेशक (DGP) और अपर मुख्य सचिव गृह (ACS Home) को मौके पर पहुंचकर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि मामले की गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने भी हादसे पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से दो-दो लाख रुपये तथा घायलों को 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य पूरा होने की पुष्टि करते हुए कहा है कि आग लगने के कारणों की विस्तृत जांच जारी है।



