रायपुर। राजधानी रायपुर में भाजपा के कांग्रेस कार्यालय घेराव को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस पूरे घटनाक्रम को लेकर भाजपा सरकार और पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए भाजपा को मर्यादा में रहने की चेतावनी दी।
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भूपेश बघेल ने आरोप लगाया कि घेराव के नाम पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस के प्रदेश मुख्यालय पर हमला किया। उन्होंने कहा कि इस प्रदर्शन में भाजपा के कई मंत्री भी शामिल हुए और लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक परंपराओं की अनदेखी की गई।
पूर्व मुख्यमंत्री ने दावा किया कि भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा कांग्रेस कार्यालय और पार्टी कार्यकर्ताओं पर पत्थर फेंके गए। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर ही पानी की बौछार और अन्य कार्रवाई की, जबकि बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता घायल हुए। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदर्शन के दौरान पत्रकारों को भी चोटें आईं।
बघेल ने एफआईआर को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि घटना के बाद पुलिस ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ ही मामला दर्ज किया, जिससे यह स्पष्ट होता है कि कार्रवाई एकतरफा की गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह पूरा घटनाक्रम भाजपा सरकार के संरक्षण में किया गया सुनियोजित हमला था।
उन्होंने दिल्ली में हुए छात्र प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि जिस तरह वहां छात्रों के आंदोलन से निपटा गया, उसी तरह छत्तीसगढ़ में भी विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास किया जा रहा है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने पुलिस अधिकारियों को भी निशाने पर लेते हुए कहा कि भाजपा से राजनीतिक रूप से कांग्रेस निपट लेगी, लेकिन अधिकारियों को निष्पक्ष भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकारें बदलती रहती हैं और अधिकारियों को अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन संवैधानिक दायरे में रहकर करना चाहिए।
वहीं इस पूरे मामले को लेकर भाजपा की ओर से पहले ही कांग्रेस पर पलटवार किया जा चुका है। भाजपा नेताओं का कहना है कि प्रदर्शन के दौरान कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश की गई और पुलिस ने नियमों के तहत कार्रवाई की।


