बिलासपुर। जिले में रिश्तों को शर्मसार करने वाला एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक मामा ने अपने ही जीवित जीजा का फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाकर मासूम भांजे-भांजियों की करोड़ों रुपये की पुश्तैनी जमीन हड़प ली। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसके अन्य सहयोगियों की तलाश जारी है।
यह मामला रायगढ़ जिले के ग्राम हालाहुली से जुड़ा है। पीड़ित मनीष शुक्ला को उस वक्त गहरा झटका लगा, जब उन्हें पता चला कि बिलासपुर के सकरी क्षेत्र में स्थित उनके बच्चों की पुश्तैनी जमीन (खसरा नंबर 258, रकबा 0.1500 हेक्टेयर) बिना उनकी जानकारी के बेच दी गई है। जांच में सामने आया कि इस पूरे फर्जीवाड़े का मास्टरमाइंड मनीष शुक्ला का साला अखिलेश पांडेय और उसका भाई है।
आरोपियों ने जमीन हड़पने के लिए सरकारी दस्तावेजों और शपथ पत्रों में मनीष शुक्ला को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद खुद को नाबालिग बच्चों का संरक्षक बताकर जमीन का सौदा कर दिया गया और बच्चों के हिस्से की रकम आपस में बांट ली गई।
पीड़ित की शिकायत पर सकरी थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 420, 464, 467, 468, 471 और 34 आईपीसी के तहत एफआईआर दर्ज की है। कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मुख्य आरोपी अखिलेश पांडेय को जांजगीर-चांपा जिले के चांपा से गिरफ्तार कर लिया है। वहीं इस गड़बड़ घोटाले में शामिल अन्य आरोपी अनुराग पांडेय, अभिषेक पांडेय समेत अन्य की तलाश की जा रही है।



