कोरिया। पाण्डोपारा स्थित टीएमसी कंपनी की झिलमिली साइड के स्टोर में हुई करीब 50 लाख रुपये की चोरी का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। मामले में पटना थाना पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे और उनकी निशानदेही पर चोरी किए गए तांबा, पीतल और कांसे से बने मशीनों के महंगे पार्ट्स, जिनकी कीमत करीब 40 लाख रुपये बताई जा रही है, बरामद किए गए हैं। पुलिस ने आरोपियों से तीन तलवार, मोबाइल, टॉर्च और 1500 रुपये नकद भी जब्त किए हैं।
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पुलिस के अनुसार, टीएमसी पाण्डोपारा परियोजना में प्रोजेक्ट मैनेजर के पद पर कार्यरत श्यामल मैती (38) ने 24 अगस्त को चोरी की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि झिलमिली साइड स्थित स्टोर से कोयला उत्खनन में इस्तेमाल होने वाली मशीनों के तांबा, पीतल और कांसे से बने महंगे पार्ट्स चोरी कर लिए गए हैं। चोरी गए सामान की अनुमानित कीमत करीब 50 लाख रुपये थी।
शिकायत के आधार पर पटना थाना में अपराध क्रमांक 228/2026 दर्ज कर जांच शुरू की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक हरीश राठौर और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभिषेक सिंह के निर्देश पर पटना थाना पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने आरोपियों की तलाश शुरू की।
छत की सीट उखाड़कर स्टोर में घुसे आरोपी
पुलिस जांच में सामने आया कि चोरी को 9 से 10 लोगों के एक समूह ने अंजाम दिया था। आरोपियों ने 21 और 22 अगस्त की दरम्यानी रात स्टोर की छत की सीट उखाड़कर अंदर प्रवेश किया और मशीनों के महंगे पार्ट्स चोरी कर लिए।
वारदात के बाद आरोपियों ने चोरी का सामान बड़सरा जंगल में छिपा दिया था। अगले दिन इन सामानों को चरचा निवासी कबाड़ी अब्दुल वासिब उर्फ गोलू मियां के पास बेच दिया गया।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर कबाड़ी के कब्जे से तांबा, पीतल और कांसे से बने चोरी के मशीन पार्ट्स बरामद किए। बरामद सामान की कीमत करीब 40 लाख रुपये आंकी गई है।
चार आरोपी गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी
मामले में पुलिस ने किशन कुमार (24), मंगलराम उर्फ गोलू (24), करन (24) और अब्दुल वासिब उर्फ गोलू मियां (30) को गिरफ्तार किया है। चारों आरोपियों को 27 अगस्त को न्यायालय में पेश किया गया।
पुलिस ने आरोपियों से तीन तलवार, टॉर्च, मोबाइल फोन और 1500 रुपये नकद भी बरामद किए हैं। मामले में भारतीय न्याय संहिता और आर्म्स एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि चोरी की वारदात में शामिल अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। पूरे मामले में शामिल नेटवर्क और चोरी के बाकी सामान की भी जांच की जा रही है।




