बिलासपुर। शिक्षा के मंदिर कहे जाने वाले स्कूलों में शराब के नशे में पहुंचे शिक्षकों पर अब सरकार पूरी सख्ती दिखाने जा रही है। लगातार बढ़ती घटनाओं से नाराज लोक शिक्षण संचालनालय ने ऐसे शराबी शिक्षकों को बर्खास्त करने की तैयारी शुरू कर दी है। इसी क्रम में बिलासपुर जिले के छह निलंबित सहायक शिक्षकों की सूची डीईओ ने जेडी के माध्यम से शासन को भेज दी है। विभागीय जांच के बाद इनकी सेवा समाप्त करने की अनुशंसा की जा रही है।
पिछले दो महीनों—अक्टूबर और नवंबर—में ही कई बार शिक्षक स्कूल परिसर में शराब पीते या नशे में पढ़ाने पहुंचे, जिसकी शिकायतें लगातार बढ़ती गईं। शासन द्वारा चेतावनी दिए जाने के बाद भी व्यवहार में सुधार न आने पर अब कठोर कार्रवाई की तैयारी है। डीपीआई ने सभी जिलों से ऐसे शिक्षकों की विस्तृत सूची और प्रमाण मांगे हैं।
बिलासपुर जिले में दो माह के भीतर छह सहायक शिक्षक शराबखोरी के आरोप में निलंबित किए गए थे। अब इनकी पूरी जानकारी शासन को भेजी गई है, और विभागीय जांच के बाद बर्खास्तगी तय मानी जा रही है।
निलंबित शिक्षकों की सूची:
- अभिमन्यु मरकाम, सहायक शिक्षक, प्राथमिक शाला विजयपुर, तखतपुर
- बृजलाल मरावी, सहायक शिक्षक, प्राथमिक शाला औरापानी, कोटा
- विश्वकर्मा प्रसाद कश्यप, सहायक शिक्षक, प्राथमिक शाला सोन, मस्तुरी
- अनुरंजन कुजुर, सहायक शिक्षक, प्राथमिक शाला परसदा, मस्तुरी
- मनोज कुमार नेताम, सहायक शिक्षक, प्राथमिक शाला रहटाटोर, मस्तुरी
- राजेश्वर सिंह मरावी, सहायक शिक्षक, प्राथमिक शाला रहटाटोर, मस्तुरी
शासन का मानना है कि कड़ी कार्रवाई के बिना शिक्षा व्यवस्था में अनुशासन नहीं लौट सकता। इसीलिए शराबखोरी में पकड़े गए शिक्षकों पर अब बिल्कुल बर्दाश्त न करने की नीति लागू की जा रही है।



