दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघे से जुड़े कथित इंस्टाग्राम चैट विवाद में फंसे दो यूट्यूबर्स सागर साहू और पुष्पराज सिंह की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ गई हैं। एक महिला की शिकायत पर पुलिस ने दोनों के खिलाफ ब्लैकमेलिंग और उगाही के आरोप में दूसरी एफआईआर दर्ज की है।
जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता नेहा मिश्रा पिछले पांच वर्षों से गांव उमदा में ग्राहक सेवा केंद्र संचालित करती हैं। महिला का आरोप है कि कुछ समय पहले सागर साहू अपने साथी पुष्पराज सिंह के साथ आधार कार्ड की फोटोकॉपी कराने के बहाने उनके कार्यालय पहुंचे थे। इस दौरान बातचीत को कथित तौर पर तोड़-मरोड़कर वीडियो तैयार किया गया और उसे सोशल मीडिया पर खबर के रूप में वायरल कर दिया गया।
महिला ने शिकायत में बताया कि 3 जून को आरोपियों ने सोशल मीडिया से वीडियो हटाने के बदले 50 हजार रुपए की मांग की। बदनामी के डर से उसने अपनी जमा पूंजी से 35 हजार रुपए आरोपियों को दे दिए, जिसके बाद वीडियो हटा दिया गया।
पीड़िता का आरोप है कि इसके बाद दोनों यूट्यूबर्स ने फिर से 2 लाख रुपए की मांग की। रकम नहीं देने पर बदनाम करने और नए वीडियो जारी करने की धमकी दी गई। आरोप है कि पैसे नहीं मिलने पर आरोपियों ने तीन से अधिक अलग-अलग वीडियो बनाकर सोशल Media पर वायरल कर दिए।
महिला का कहना है कि इस घटना से उसकी सामाजिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुंची है और अब उसे अपने ग्राहक सेवा केंद्र जाने में भी शर्मिंदगी महसूस हो रही है। पीड़िता ने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
मामला पुरानी भिलाई थाना क्षेत्र का है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने जांच के आधार पर सागर साहू और पुष्पराज सिंह के खिलाफ बीएनएस की धारा 308(2) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि तथ्यों और सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब दोनों यूट्यूबर्स के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है। करीब 9 दिन पहले भी दोनों के खिलाफ एक अन्य मामला दर्ज किया गया था। यह मामला Mahadev Betting App के कथित संचालक सौरभ चंद्राकर के इंस्टाग्राम अकाउंट से जुड़े वायरल स्क्रीनशॉट विवाद से संबंधित था।
सोशल मीडिया पर वायरल स्क्रीनशॉट में पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel के नाम से एक संदेश दिखाया गया था, जिसमें लिखा था — “नंबर भेजो अपना, बात करना चाहते हैं।” इसी स्क्रीनशॉट के आधार पर दोनों यूट्यूबर्स ने खबरें प्रसारित की थीं।
विवाद बढ़ने के बाद बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता भिलाई-3 थाने पहुंचे थे और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए प्रदर्शन किया था। वहीं Bhupesh Baghel ने वायरल चैट और उससे जुड़े कंटेंट को पूरी तरह फर्जी बताते हुए कहा था कि उनकी लीगल टीम फर्जी जानकारी फैलाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करेगी।



