रायपुर। क्रिसमस से पहले छत्तीसगढ़ में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) और बजरंग दल ने स्कूलों को लेकर चेतावनी जारी की है। दोनों संगठनों ने कहा है कि यदि किसी स्कूल में बच्चों को सांता क्लॉस बनाया गया या क्रिसमस कार्यक्रमों के नाम पर अभिभावकों से शुल्क वसूला गया, तो संबंधित स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
यह भी पढ़े :- पोस्ट ऑफिस एजेंट ने 200 खाताधारकों से की 1 करोड़ से ज्यादा की धोखाधड़ी,आरोपी गिरफ्तार
विहिप और बजरंग दल के पदाधिकारियों ने कहा कि भारत देवभूमि है और यह साधु-संतों की परंपराओं की भूमि रही है। उनका आरोप है कि शैक्षणिक संस्थानों में बच्चों पर किसी विशेष धार्मिक प्रतीक या कार्यक्रम को थोपना उचित नहीं है।
क्रिसमस कार्यक्रमों पर आपत्ति
संगठनों का कहना है कि कुछ स्कूलों में क्रिसमस कार्यक्रमों के दौरान बच्चों को सांता क्लॉस की वेशभूषा पहनाई जाती है और इसके लिए अभिभावकों से पैसे भी लिए जाते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि इस तरह की कोई भी शिकायत सामने आती है तो वे आंदोलनात्मक कदम उठाएंगे।
प्रशासन और पुलिस अलर्ट
चेतावनी के बाद प्रशासन और पुलिस ने स्थिति पर नजर रखना शुरू कर दिया है। हालांकि, फिलहाल रायपुर जिला प्रशासन, पुलिस और शिक्षा विभाग की ओर से इस मुद्दे पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
अधिकारियों का कहना है कि यदि किसी भी तरह की शिकायत प्राप्त होती है तो नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
पहले भी उठ चुके हैं ऐसे मामले
गौरतलब है कि इससे पहले भी देश के विभिन्न हिस्सों में क्रिसमस के दौरान स्कूलों में आयोजित कार्यक्रमों को लेकर हिंदू संगठनों की ओर से आपत्तियां सामने आती रही हैं। कई राज्यों में शिक्षा विभागों ने स्कूलों को निर्देश दिए हैं कि ऐसे आयोजन अभिभावकों की सहमति और निर्धारित नियमों के दायरे में ही किए जाएं।



