रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा का शीतकालीन सत्र आज से नवा रायपुर स्थित नवनिर्मित विधानसभा भवन में शुरू हो गया। सत्र के पहले ही दिन सियासी टकराव खुलकर सामने आ गया, जब कांग्रेस ने सदन की कार्यवाही का बहिष्कार कर दिया। इसके बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बयानबाजी देखने को मिली।
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सत्र की शुरुआत विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह के संबोधन से हुई। अपने उद्बोधन में उन्होंने छत्तीसगढ़ विधानसभा की 25 वर्षों की यात्रा, लोकतांत्रिक परंपराओं और विधायी मूल्यों का उल्लेख किया। हालांकि, कांग्रेस के बहिष्कार के चलते पहले दिन की कार्यवाही राजनीतिक विवादों में घिरती नजर आई।
कांग्रेस के कदम पर भाजपा ने कड़ा रुख अपनाया। भाजपा के वरिष्ठ विधायक धर्मजीत सिंह ने बहिष्कार को विधानसभा की अवमानना करार देते हुए कहा कि जो लोग सदन का बहिष्कार करते हैं, जनता भी समय आने पर उन्हें उसी तरह बहिष्कृत कर देती है।
मंत्री ओपी चौधरी ने भी कांग्रेस की आलोचना करते हुए कहा कि सदन का बहिष्कार लोकतांत्रिक मर्यादाओं के खिलाफ है। उन्होंने इसे सेंट्रल विस्टा परियोजना के बहिष्कार से जोड़ते हुए कहा कि विपक्ष पहले भी ऐसे फैसले ले चुका है और जनता लगातार उन्हें इसका जवाब देती रही है।



