रायपुर। महादेव ऑनलाइन सट्टा एप मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए भिलाई निवासी अभिषेक कुमार को हैदराबाद से गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसी उसे हिरासत में लेकर रायपुर पहुंची है। बताया जा रहा है कि अभिषेक लंबे समय से दुबई में रहकर सट्टा नेटवर्क से जुड़ी गतिविधियों को संचालित कर रहा था।
जांच एजेंसियों के मुताबिक, अभिषेक वर्ष 2019 से दुबई में रह रहा था। महादेव सट्टा नेटवर्क से जुड़ने के बाद उसने वहां रियल एस्टेट कारोबार शुरू किया और अपना क्लब भी खोला। एजेंसी के अनुसार, दुबई से भारत तक हवाला के जरिए रकम पहुंचाने में भी उसकी भूमिका बताई जा रही है। उस पर महादेव एप की कई बड़ी बुक और उनके पैनल के संचालन से जुड़े होने का आरोप है।
सौरभ चंद्राकर और अन्य आरोपियों से करीबी का दावा
जांच से जुड़े अधिकारियों के अनुसार अभिषेक की पहचान सौरभ चंद्राकर, शुभम सोनी और रोहित तिर्की के करीबी के तौर पर सामने आई है। बताया जाता है कि नेटवर्क से जुड़ने के बाद वह दुबई चला गया था। करीब चार साल पहले शादी के बाद वह अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ दुबई के विला नंबर-13 में रह रहा था। अभिषेक मूल रूप से उत्तर प्रदेश का रहने वाला बताया जा रहा है।
दुबई में उसकी करीब 300 करोड़ रुपए की संपत्ति होने का भी दावा किया जा रहा है। हालांकि, संपत्ति से जुड़े इन दावों की वास्तविक स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
नेपाल के रास्ते पहुंचा भिलाई, फिर हैदराबाद में गिरफ्तारी
बताया जा रहा है कि अभिषेक हाल ही में नेपाल के रास्ते भिलाई पहुंचा था। यहां उसके लिए सिकंदर नाम के एक सटोरिए द्वारा पार्टी आयोजित किए जाने की बात सामने आई है। इसके बाद अभिषेक सिकंदर के साथ हैदराबाद गया।
वापसी के दौरान CBI ने उसे हैदराबाद एयरपोर्ट पर हिरासत में लिया, जिसके बाद पूछताछ के बाद उसकी गिरफ्तारी की गई। एजेंसी अब उसके नेटवर्क, लेन-देन और सट्टा संचालन से जुड़े संपर्कों की जांच कर रही है।
श्रीलंका में भी पैनल नेटवर्क पर कार्रवाई
महादेव सट्टा नेटवर्क से जुड़े पैनल संचालकों पर हाल में श्रीलंका में भी कार्रवाई की जानकारी सामने आई है। बताया जा रहा है कि बड़ी संख्या में लोगों को पकड़ा गया, जिनमें भिलाई के सटोरिए सिकंदर के लिए काम करने वाले करीब 150 लोगों के शामिल होने का दावा किया जा रहा है। इन लोगों के श्रीलंका में हाउस अरेस्ट होने की बात भी सामने आई है।
वहीं, महादेव एप से जुड़े प्रमुख आरोपी सौरभ चंद्राकर के ओमान में हिरासत में होने और उसके सहयोगी रवि समेत अन्य लोगों के दुबई की जेल में होने की जानकारी दी जा रही है। इन दावों की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
भिलाई से युवाओं को दुबई ले जाने का भी आरोप
जांच से जुड़े दावों के मुताबिक, दुबई में अपना नेटवर्क मजबूत करने के बाद अभिषेक ने खुर्सीपार और आसपास के इलाकों के कई युवकों को दुबई बुलाया और उन्हें सट्टा पैनल के संचालन से जुड़े काम में लगाया।
करीब दो साल पहले दुर्ग-भिलाई क्षेत्र से 300 से ज्यादा युवक-युवतियों के महादेव सट्टा नेटवर्क के लिए दुबई जाने की जानकारी सामने आने का भी दावा किया गया था। बाद में इनमें से कई लोगों को दूसरे देशों में शिफ्ट किए जाने की बात कही गई।
महंगी लाइफस्टाइल को लेकर भी चर्चा
अभिषेक की दुबई की लाइफस्टाइल को लेकर भी कई दावे सामने आए हैं। बताया जाता है कि वह वहां डेढ़ से दो किलो तक सोने के आभूषण पहनकर घूमता था। हालांकि, इस दावे की भी आधिकारिक पुष्टि जांच एजेंसियों के रिकॉर्ड से होना बाकी है।
अब CBI की जांच में यह स्पष्ट करने की कोशिश होगी कि अभिषेक महादेव सट्टा नेटवर्क में किस स्तर पर जुड़ा था, किन पैनलों और लोगों के संपर्क में था और कथित हवाला लेन-देन में उसकी क्या भूमिका रही। उसकी गिरफ्तारी के बाद नेटवर्क से जुड़े कई अन्य लोगों और वित्तीय लेन-देन के बारे में भी नए खुलासे होने की संभावना है।




