बिलासपुर। छत्तीसगढ़ भाजपा और प्रदेश की राजनीति के लिए मंगलवार का दिन बेहद दुखद रहा। रूपनारायण सिन्हा का इलाज के दौरान निधन हो गया। वे बिलासपुर में आयोजित भारतीय जनता पार्टी के दो दिवसीय प्रशिक्षण महाअभियान में शामिल होने पहुंचे थे, जहां कार्यक्रम के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। बताया जा रहा है कि उन्हें कार्डियक अरेस्ट आया, जिसके बाद तत्काल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उपचार के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।
जानकारी के अनुसार, भाजपा के वरिष्ठ नेता और Chhattisgarh Yoga Commission के अध्यक्ष रूपनारायण सिन्हा पार्टी के प्रशिक्षण शिविर में बतौर प्रशिक्षण प्रभारी मौजूद थे। कार्यक्रम के दौरान अचानक उन्हें सीने में दर्द और बेचैनी महसूस हुई। मौके पर मौजूद नेताओं और कार्यकर्ताओं ने तुरंत उन्हें उपचार के लिए SIMS Hospital Bilaspur पहुंचाया।
अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने उनकी हालत गंभीर बताते हुए तत्काल उपचार शुरू किया। काफी प्रयासों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। उनके निधन की खबर सामने आते ही भाजपा कार्यकर्ताओं और नेताओं में शोक की लहर दौड़ गई।
रूपनारायण सिन्हा छत्तीसगढ़ भाजपा के वरिष्ठ और सक्रिय नेताओं में गिने जाते थे। उन्हें जनवरी 2025 में छत्तीसगढ़ योग आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। इस पद के साथ उन्हें कैबिनेट मंत्री का दर्जा भी प्राप्त था। योग और स्वास्थ्य जागरूकता को लेकर वे लगातार सक्रिय रहते थे और विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लेते रहे थे।
घटना की सूचना मिलते ही भाजपा के वरिष्ठ नेता Narayan Chandel सहित कई नेता सिम्स अस्पताल पहुंचे और डॉक्टरों से उनकी स्थिति की जानकारी ली। हालांकि चिकित्सकों के तमाम प्रयासों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।
बताया जा रहा है कि प्रशिक्षण शिविर में पार्टी संगठन से जुड़े महत्वपूर्ण सत्र चल रहे थे, जिसमें प्रदेशभर से बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए थे। इसी दौरान हुई इस अचानक घटना से पूरा आयोजन शोक में बदल गया।
रूपनारायण सिन्हा लंबे समय से भाजपा संगठन से जुड़े हुए थे और पार्टी के विभिन्न अभियानों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे थे। संगठनात्मक अनुभव और कार्यकर्ताओं के बीच मजबूत पकड़ के कारण उन्हें पार्टी में सम्मानजनक स्थान प्राप्त था। योग आयोग के अध्यक्ष बनने के बाद उन्होंने प्रदेश में योग और स्वास्थ्य जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए कई पहल की थीं।