रायपुर। छत्तीसगढ़ में राजस्व पटवारी संघ की हड़ताल दूसरे दिन भी जारी रही। पटवारियों ने लंबित मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए जल्द ठोस निर्णय लेने की मांग की है। धमतरी समेत नारायणपुर और अन्य जिलों में पटवारियों ने प्रदर्शन कर अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा।
पटवारियों का सबसे बड़ा विरोध PV ऐप से कराए जा रहे फसल भौतिक सत्यापन को लेकर है। संघ का कहना है कि खराब मौसम, खेतों में जलभराव और तकनीकी दिक्कतों के कारण निर्धारित समय-सीमा में सर्वे करना व्यावहारिक नहीं है। इसके बावजूद काम पूरा करने का दबाव बनाया जा रहा है।
संघ ने PV ऐप के कार्यों के बहिष्कार को लेकर पटवारियों के खिलाफ की गई निलंबन, तबादले और कारण बताओ नोटिस जैसी कार्रवाई तत्काल निरस्त करने की मांग की है। संघ का आरोप है कि बलौदाबाजार और महासमुंद सहित कुछ जिलों में कार्रवाई की गई है, जिसे लेकर पटवारियों में नाराजगी है।
इसके अलावा वेतन विसंगति दूर करने और पदोन्नति के लंबित मामलों का निराकरण करने की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई है। संघ ने कहा है कि पटवारी पहले से ही डिजिटल क्रॉप सर्वे, किसान पंजीयन, जनगणना, सर्वे और अन्य विभागीय कार्य कर रहे हैं। ऐसे में काम के दबाव और तकनीकी समस्याओं को देखते हुए सरकार को व्यावहारिक समाधान निकालना चाहिए।
हड़ताल के चलते पटवारियों से जुड़े राजस्व कार्य प्रभावित होने लगे हैं। इससे तहसील और जिला कार्यालयों में पहुंचने वाले ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पटवारी संघ ने स्पष्ट किया है कि मांगों पर सकारात्मक पहल होने तक आंदोलन जारी रहेगा।




