रायपुर। शराब घोटाले के बाद अब छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CSMCL) में 115 करोड़ रुपये के कथित ओवरटाइम भुगतान घोटाले का मामला सामने आया है। आर्थिक अपराध शाखा और एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB-EOW) ने कार्रवाई करते हुए मैनपावर एजेंसी के दो कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है।
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गिरफ्तार आरोपियों में ईगल हंटर सॉल्यूशन लिमिटेड के फील्ड ऑफिसर अभिषेक कुमार सिंह और अकाउंटेंट तिजऊ राम निर्मलकर शामिल हैं। दोनों को विशेष न्यायालय में पेश किया गया, जहां से 27 अप्रैल तक पुलिस रिमांड पर भेजा गया है।
जांच एजेंसियों के अनुसार, शराब दुकानों में कागजों पर अतिरिक्त शिफ्ट दिखाकर कर्मचारियों के नाम पर ओवरटाइम भुगतान स्वीकृत कराया गया, लेकिन यह राशि वास्तविक कर्मचारियों तक नहीं पहुंची। आरोप है कि मैनपावर एजेंसियों ने रकम को कमीशन के रूप में निकालकर अधिकारियों और अन्य लोगों के बीच बांट दिया।
इस मामले की शुरुआत प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई से हुई थी। 29 नवंबर 2023 को रायपुर में ED ने 28.80 लाख रुपये नकद जब्त किए थे, जिसे ओवरटाइम भुगतान से जुड़ा पाया गया।
ACB ने ED की रिपोर्ट के आधार पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और IPC की धारा 420 व 120-बी के तहत मामला दर्ज किया है। जांच में सामने आया है कि वर्ष 2019-20 से 2023-24 के बीच 115 करोड़ रुपये का ओवरटाइम भुगतान स्वीकृत किया गया था।
जांच में इस मामले के तार कारोबारी अनवर ढेबर से भी जुड़े होने की बात सामने आ रही है। फिलहाल ACB-EOW टीम बैंक लेन-देन और डिजिटल साक्ष्यों की गहन जांच कर रही है, वहीं पूछताछ में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।



