रायपुर। राजधानी रायपुर में कचरा संग्रहण व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए नगर पालिक निगम ने बड़ा और दूरदर्शी कदम उठाया है। महापौर मीनल चौबे ने 11 इलेक्ट्रिक वाहनों को हरी झंडी दिखाकर डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन के लिए रवाना किया।
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इस मौके पर सभापति सूर्यकांत राठौड़, स्वास्थ्य विभाग अध्यक्ष गायत्री सुनील चंद्राकर सहित एमआईसी सदस्य और निगम के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। सभी वाहनों को निगम मुख्यालय महात्मा गांधी सदन से शहर के विभिन्न वार्डों में भेजा गया।
दरअसल, भारत सरकार द्वारा अधिसूचित ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 आगामी 1 अप्रैल 2026 से पूरे देश में लागू होने जा रहा है। इसके तहत अब हर नागरिक और संस्थान के लिए कचरे का पृथक्करण अनिवार्य कर दिया गया है।
नए नियमों के अनुसार कचरे को चार श्रेणियों—
गीला कचरा
सूखा कचरा
सेनेटरी वेस्ट
स्पेशल केयर वेस्ट
में अलग-अलग करना जरूरी होगा।
नगर निगम ने इस दिशा में तैयारी तेज करते हुए आधुनिक इलेक्ट्रिक वाहनों की शुरुआत की है, जिससे पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ शहर की सफाई व्यवस्था और अधिक प्रभावी हो सके।
निगम अधिकारियों के अनुसार, इस पहल से न केवल कचरा प्रबंधन में सुधार होगा, बल्कि स्वच्छता अभियान को भी नई मजबूती मिलेगी।



