रायपुर। राजधानी में नशीली दवाओं के अवैध कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) और खमतराई पुलिस की संयुक्त टीम ने 556 नग प्रतिबंधित टेबलेट के साथ तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक फरार वारंटी भी शामिल है, जिसे पूरे नेटवर्क का मास्टरमाइंड बताया जा रहा है।यह कार्रवाई पुलिस उपायुक्त (नार्थ जोन) मयंक गुर्जर एवं पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) स्मृतिक राजनाला के मार्गदर्शन में की गई।
हाईटेक पार्किंग के पीछे घेराबंदी
20 फरवरी 2026 को एसीसीयू टीम को मुखबिर से सूचना मिली कि थाना खमतराई क्षेत्रांतर्गत रिंग रोड नंबर-02 स्थित हाईटेक पार्किंग के पीछे कुछ युवक दोपहिया वाहन में प्रतिबंधित टेबलेट लेकर बिक्री की फिराक में हैं। सूचना की तस्दीक के बाद संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी कर तीनों आरोपियों को पकड़ लिया।
556 नग निट्राजेपम और स्पासमो टेबलेट जब्त
पूछताछ में आरोपियों ने अपने नाम—
अविनाश कुमार (30 वर्ष), निवासी भनपुरी, थाना खमतराई
राहुल कुमार शाह (27 वर्ष), निवासी वीर सावरकर नगर, हीरापुर
रोशन यादव (20 वर्ष), निवासी नोटरी नगर, टाटीबंध ।
तलाशी के दौरान उनके पास से कुल 556 नग प्रतिबंधित निट्राजेपम एवं स्पासमो टेबलेट बरामद की गई। वैध दस्तावेज मांगे जाने पर आरोपी कोई प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सके और पुलिस को गुमराह करने का प्रयास करते रहे।
दोपहिया वाहन भी जब्त
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सुजुकी एक्सेस (CG 04 QF 9783) दोपहिया वाहन भी जब्त किया है।
जब्त टेबलेट की कीमत लगभग 2,22,400 रुपये
वाहन की कीमत लगभग 40,000 रुपये
कुल जब्त मशरूका लगभग 2,62,400 रुपये
तीनों आरोपियों के खिलाफ थाना खमतराई में अपराध क्रमांक 120/26 के तहत एनडीपीएस एक्ट की धारा 22(ख) में मामला दर्ज कर कार्रवाई की गई है।
फरार वारंटी था सप्लाई नेटवर्क का मास्टरमाइंड
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी अविनाश कुमार फरार वारंटी है और वही इस अवैध नेटवर्क का मास्टरमाइंड था। वह पड़ोसी राज्यों से प्रतिबंधित टेबलेट मंगाकर रायपुर में सप्लाई कर रहा था।
फिलहाल आरोपियों से फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंकेज के आधार पर पूछताछ जारी है। पुलिस का कहना है कि पूरे नेटवर्क पर एंड-टू-एंड कार्रवाई की जाएगी और अन्य संलिप्त आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।



