रायपुर। राजधानी रायपुर में खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) की सख्ती के बावजूद नकली पनीर का कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। शहर के बाहरी इलाकों में गोदाम बनाकर बेखौफ नकली पनीर तैयार किया जा रहा है और उसे बाजार में खपाया जा रहा है।
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बुधवार को खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम ने भाठागांव इलाके में बड़ी कार्रवाई करते हुए नकली पनीर बनाने वाले एक गोदाम पर छापा मारा। छापेमारी के दौरान टीम ने वहां से 1700 किलोग्राम संदिग्ध (नकली) पनीर जब्त किया, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत करीब 4.76 लाख रुपये बताई जा रही है।
विभाग को सूचना मिली थी कि वार्ड क्रमांक-64 भाठागांव स्थित केएलपी डेयरी एंड मिल्क प्रोडक्ट्स में अवैध तरीके से पनीर का निर्माण किया जा रहा है। सूचना के आधार पर मौके पर पहुंची टीम ने जांच के दौरान लूज पनीर के नमूने संग्रहित कर लैब परीक्षण के लिए भेजे, जिसके बाद संपूर्ण स्टॉक को जब्त कर लिया गया।
अधिकारियों ने बताया कि लैब रिपोर्ट आने के बाद संबंधित डेयरी संचालक के खिलाफ खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस कार्रवाई में विभाग की टीम में अभिहित अधिकारी विनोद कुमार गुप्ता, खाद्य सुरक्षा अधिकारी बृजेंद्र भारती, सतीश कुमार राज, सिद्धार्थ पांडेय, रोशनी राजपूत तथा नमूना सहायक सुजीत मुखर्जी शामिल रहे।
खाद्य विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे खुले में बिकने वाले पनीर से बचें और केवल विश्वसनीय व पंजीकृत विक्रेताओं से ही डेयरी उत्पाद खरीदें।



