दुर्ग । छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के ग्राम बेलौदी में स्कूलों में शिक्षकों की कमी को लेकर मिडिल और प्राइमरी स्कूल के बच्चों ने पालकों के साथ मिलकर विरोध प्रदर्शन किया। साथ ही ग्रामवासियों ने दुर्ग-नगपुरा रोड पर चक्का जाम किया।
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के ग्राम बेलौदी में स्कूलों में शिक्षकों की कमी को लेकर मिडिल और प्राइमरी स्कूल के बच्चों ने पालकों के साथ मिलकर विरोध प्रदर्शन किया। लगातार शिकायतों के बावजूद समाधान न होने पर ग्रामवासियों ने दुर्ग-नगपुरा रोड पर चक्का जाम कर प्रशासन का अपनी ओर ध्यान खींचने का प्रयास किया। सड़क जाम होने से ट्रैफिक पूरी तरह बाधित हो गया।
6 महीने से स्कूलों में टीचर्स की कमी
बच्चों और ग्रामीणों का कहना है कि पिछले 4-6 महीने से स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी बनी हुई है। शिकायतें करने के बाद भी विभागीय अधिकारियों ने स्थिति सुधारने के लिए कोई कदम नहीं उठाया। मजबूर होकर ग्रामीणों ने सड़क पर बैठकर विरोध जताया। एक महिला प्रदर्शनकारी ने बताया कि मिडिल और प्राइमरी स्कूल में केवल एक-एक शिक्षक हैं। हम परमानेंट शिक्षकों की नियुक्ति की मांग कर रहे हैं, लेकिन अभी तक सुनवाई नहीं हुई।
इस वजह से स्कूल में कोई टीचर नहीं
इधर्, संकुल प्राचार्य कुमुद सिंह ने बताया कि स्कूल में पहले 2 परमानेंट शिक्षक और एक प्रधान पाठक पदस्थ थे। प्रधान पाठक के प्रमोशन के बाद उनका ट्रांसफर हो गया। वर्तमान में दो शिक्षक महेश चौधरी और सिंदूर मैडम की ड्यूटी बीएलओ में लगने से वे स्कूल में उपस्थित नहीं हो पा रहे हैं। प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिका की भी बीएलओ ड्यूटी लग चुकी है।
प्राचार्य ने कहा- बच्चों की पढ़ाई के लिए व्यवस्था की
ग्राम पंचायत द्वारा प्राइमरी स्कूल के लिए अस्थायी शिक्षक की व्यवस्था की गई है। वहीं मिडिल स्कूल में सितंबर में नियुक्त किए गए शिक्षक भानुप्रताप देवांगन दुर्घटना में घायल होने के कारण अवकाश पर हैं। प्राचार्य ने बताया कि बच्चों की पढ़ाई बाधित न हो, इसके लिए शनिवार को कार्रवाई की गई और सोमवार से स्टाफ को स्कूल में उपस्थित होने के निर्देश दिए गए। सोमवार से शिक्षक स्कूल पहुंच भी गए हैं।
स्कूल में 157 छात्र
वर्तमान में प्राथमिक विद्यालय में 96 छात्र और मिडिल स्कूल में 61 छात्र अध्ययनरत हैं।



