रायपुर। छत्तीसगढ़ में जमीन की गाइडलाइन दरों में बेतहाशा बढ़ोतरी के खिलाफ प्रदेशभर में उठे जनविरोध के बाद सरकार ने भले ही संशोधित गाइडलाइन जारी कर दी हो, लेकिन इस ‘संशोधन’ को लेकर सियासत गरमा गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सरकार की मंशा पर सवाल उठाते हुए इसे सीधा-सीधा जनता को गुमराह करने की कोशिश बताया है।
भूपेश बघेल ने ट्वीट कर तीखा हमला बोलते हुए कहा गाइडलाइन दरों में आखिर सुधार हुआ कहां है? जब तक अनाप-शनाप बढ़ाई गई दरों को वापस नहीं लिया जाता, तब तक जनता को कोई राहत नहीं मिलने वाली।

उन्होंने सरकार के इस कदम को सतही और दिखावटी सुधार करार दिया। बघेल ने कहा कि सरकार ने असल में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया, बल्कि बस एक जबरदस्ती थोपे गए नियम को मजबूरी में वापस लिया है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने आगे कहा जो बदलाव किए गए हैं, वे नाममात्र के हैं। आम जनता पर प्रॉपर्टी टैक्स का भारी बोझ अब भी जस का तस है. सरकार को मजबूर होकर दोबारा संशोधन करना पड़ेगा – लिखकर रखिए।



