बिलासपुर: बिजली बकाया जमा न कराने वालों के लिए अब नई तकनीक के साथ सख्ती शुरू हो गई है। ओएण्डएम सर्किल के तीनों डिवीजन में स्मार्ट मीटर से 796 बकायादारों के विद्युत कनेक्शन GPS के माध्यम से सीधे ऑफिस से काट दिए गए।
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पहले दिन 28 लाख की वसूली
स्मार्ट मीटर से कनेक्शन कटने के बाद 260 उपभोक्ताओं ने बिजली ऑफिस पहुंचकर बकाया राशि का भुगतान किया। इस तरह पहले दिन ही 28 लाख रुपए की वसूली हुई। शेष बकायादारों की बिजली बिल भुगतान के बाद ही बहाल की जाएगी। बिना भुगतान पर उनके खिलाफ पुलिस एफआईआर भी दर्ज की जाएगी।
कैसे काम करता है स्मार्ट मीटर
स्मार्ट मीटर मिनट-टू-मिनट खपत रिकॉर्ड करता है और GPS से ऑफिस से ऑपरेट होता है। इसमें बिल भेजने, छेड़छाड़ का अलर्ट और खपत की चेतावनी जैसी सुविधाएं हैं। भविष्य में इसे प्री-पेड मीटर में बदलकर उपभोक्ता को पहले ही बिजली का भुगतान करना अनिवार्य किया जाएगा।
सख्ती से पहले अलर्ट
विद्युत वितरण कंपनी बकायादारों को सीधे कनेक्शन काटने से पहले तीन दिनों तक लगातार SMS अलर्ट भेजती है। इसके बावजूद बिल न जमा करने पर कनेक्शन काट दिया जाता है।
निष्कर्ष
स्मार्ट मीटर तकनीक से अब बिजली विभाग बिना घर जाए ही बकाया राशि वसूल सकेगा। यह कदम विवाद और बिल चुकाने में देरी को कम करने के साथ विभाग की बकाया राशि की समस्या का स्थाई समाधान बन सकता है।



