रायपुर : छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले की अंबिकापुर सेंट्रल जेल में सुरक्षा व्यवस्था की गंभीर चूक सामने आई है। जेल में बंद कुख्यात बदमाश अंश पंडित को मोबाइल फोन की सुविधा मिलने के मामले में तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है।
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मामला तब उजागर हुआ जब जेल परिसर में अंश पंडित का मोबाइल पर बातचीत करते हुए एक वीडियो वायरल हुआ। वीडियो में वह जेल के मुख्य द्वार पर फोन पर बात करता दिख रहा था, जबकि उस समय पुलिस अधिकारी भी मौके पर मौजूद थे। बावजूद इसके, किसी ने भी तत्काल कार्रवाई नहीं की।
वीडियो सामने आने के बाद IG के निर्देश पर सरगुजा SSP राजेश अग्रवाल ने कड़ी कार्रवाई की और तीन पुलिसकर्मियों — आरक्षक सुशील खेस, परवेज फिरदौसी और डॉ. सीम सिद्दार — को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया।
गौरतलब है कि अंश पंडित पुलिस के सहायक उप निरीक्षक के घर में घुसकर अपने साथियों के साथ मारपीट करने के आरोप में जेल में बंद है। घटना ने जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। IG ने भविष्य में ऐसी चूक न हो, इसके लिए जेल सुरक्षा व्यवस्था की समग्र समीक्षा के निर्देश दिए हैं।



