दुर्ग। जिले में पुलिस की एक विवादित कार्रवाई को लेकर हाईकोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। स्मृति नगर पुलिस द्वारा भिलाई स्थित एक होटल में की गई मारपीट और अवैध गिरफ्तारी के मामले में कोर्ट ने राज्य सरकार पर 1 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि जुर्माने की राशि दोषी पाए गए पुलिस अधिकारियों के वेतन से वसूल की जा सकती है।
मामला 8 सितंबर 2025 का है, जब भिलाई के कोहका इलाके के एक होटल में पुलिस गुमशुदा लड़की की तलाश के लिए अचानक घुसी थी। आरोप है कि पुलिस ने पहले होटल मैनेजर के साथ अभद्र व्यवहार किया, फिर बिना महिला पुलिस बल के होटल के एक कमरे में प्रवेश किया और वहां ठहरे पुरुष–महिला को बाहर निकाल दिया। जब होटल मालिक आकाश कुमार साहू और कर्मचारी इसका विरोध करने लगे, तो पुलिस ने साहू के साथ डंडे से मारपीट की।
इस पूरी घटना का वीडियो अब सार्वजनिक हो गया है, जिसमें देखा जा सकता है कि पुलिसकर्मी होटल के बाहर साहू को उनकी मां के सामने पीटते हैं। हाईकोर्ट ने इस कार्रवाई को स्पष्ट रूप से अवैध करार देते हुए पुलिस की दमनकारी कार्रवाई की निंदा की।
होटल मालिक आकाश कुमार साहू ने कहा कि पुलिस की बर्बरता और बिना किसी FIR के गिरफ्तारी ने उन्हें मानसिक और शारीरिक रूप से प्रभावित किया। कोर्ट की यह सख्त कार्रवाई स्थानीय लोगों में पुलिस प्राधिकरण की जवाबदेही को लेकर चर्चा का विषय बनी हुई है।



